डोनाल्ड ट्रंप का पाकिस्तान दौरा: क्या समझौते के बाद बदलेंगे हालात?
ट्रंप का संभावित पाकिस्तान दौरा
हाल ही में, अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने संकेत दिया है कि यदि अमेरिका और ईरान के बीच कोई समझौता होता है, तो वे पाकिस्तान की यात्रा कर सकते हैं। ट्रंप ने कहा कि दोनों देशों के बीच चल रहा तनाव लगभग समाप्त होने के करीब है। उनका मानना है कि अगर समझौता इस्लामाबाद में होता है, तो वे वहां जाने के लिए तैयार हैं, और पाकिस्तान के लोग भी उनकी यात्रा की इच्छा रखते हैं। यह ध्यान देने योग्य है कि पिछले 20 वर्षों में कोई भी अमेरिकी राष्ट्रपति पाकिस्तान नहीं गए हैं, जो कि पाकिस्तान के लिए एक बड़ा झटका माना जा रहा है।
पाकिस्तान में अमेरिकी राष्ट्रपति की यात्रा का इतिहास
अंतिम बार, 2006 में तत्कालीन राष्ट्रपति जॉर्ज बुश ने पाकिस्तान का दौरा किया था। यह यात्रा विशेष थी क्योंकि इसी दौरान भारत और अमेरिका के बीच ऐतिहासिक परमाणु समझौते की नींव रखी गई थी। बुश ने केवल 24 घंटे के लिए इस्लामाबाद का दौरा किया था, जहां परवेज मुशर्रफ ने उनका स्वागत किया।
बुश के बाद के राष्ट्रपति
बुश के बाद, तीन अमेरिकी राष्ट्रपति - बराक ओबामा, डोनाल्ड ट्रंप और जो बाइडेन - ने अपने कार्यकाल में पाकिस्तान जाने की आवश्यकता नहीं समझी। ओबामा के भारत दौरे के बाद, पाकिस्तान के लोग निराश थे कि वे वहां नहीं गए।
अमेरिकी राष्ट्रपति की पाकिस्तान यात्रा की संख्या
अब तक, केवल पांच अमेरिकी राष्ट्रपति पाकिस्तान का दौरा कर चुके हैं, जबकि पाकिस्तान के नेता 1947 के बाद से 42 बार अमेरिका जा चुके हैं। यह दर्शाता है कि औसतन हर 14 साल में कोई अमेरिकी राष्ट्रपति पाकिस्तान जाता है।
सैन्य शासन के दौरान राष्ट्रपति की यात्रा
दिलचस्प बात यह है कि जब भी कोई अमेरिकी राष्ट्रपति पाकिस्तान गया, वहां अक्सर सैन्य शासन रहा है। ड्वाइट आइजनहावर 1959 में पाकिस्तान गए थे, जबकि लिंडन जॉनसन और रिचर्ड निक्सन ने भी पाकिस्तान का दौरा किया।
31 वर्षों का अंतराल
इसके बाद, 31 वर्षों तक कोई अमेरिकी राष्ट्रपति पाकिस्तान नहीं गया। बिल क्लिंटन ने 2000 में पाकिस्तान का दौरा किया, लेकिन इससे पहले और बाद में कई राष्ट्रपति पाकिस्तान जाने से बचते रहे।