×

गोपालगंज के गन्ना किसानों के लिए 42.99 करोड़ रुपये का भुगतान स्वीकृत

गोपालगंज के सासामूसा चीनी मिल के 14,000 गन्ना किसानों के लिए एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया है। मुख्यमंत्री श्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में किसानों के बकाये के भुगतान के लिए 42.99 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी गई। इस कदम से न केवल किसानों को उनका हक मिलेगा, बल्कि बंद पड़ी चीनी मिल के पुनः संचालन और राज्य में निवेश की संभावनाएं भी बढ़ेंगी। गन्ना उद्योग मंत्री ने इस निर्णय का स्वागत किया है और इसे किसानों के हित में बताया है।
 

मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में ऐतिहासिक निर्णय

गोपालगंज के सासामूसा चीनी मिल के 14,000 गन्ना किसानों के लिए एक महत्वपूर्ण समाचार आया है। मुख्यमंत्री श्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में आयोजित राज्य कैबिनेट की बैठक में किसानों के लंबित बकाये के भुगतान हेतु 42.99 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी गई है। इस निर्णय से न केवल किसानों को उनका हक मिलेगा, बल्कि बंद पड़ी मिल के पुनः संचालन और राज्य में 500 करोड़ रुपये से अधिक के निवेश की संभावनाएं भी बढ़ेंगी। 


किसानों को मिलेगा बकाया भुगतान

कैबिनेट द्वारा इस निर्णय के बाद, लंबे समय से अपने बकाये का इंतजार कर रहे किसानों को अब उनके गन्ने के मूल्य का भुगतान किया जाएगा। सरकार का मानना है कि इस भुगतान से किसानों की आय में वृद्धि होगी और वे गन्ने की खेती की ओर लौटेंगे। गन्ने की खेती के पुनः शुरू होने से चीनी मिल के चालू होने की संभावनाएं भी बढ़ जाएंगी। 


गन्ना उद्योग मंत्री का बयान

गन्ना उद्योग मंत्री श्री संजय कुमार ने इस निर्णय का स्वागत करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री श्री सम्राट चौधरी के नेतृत्व में राज्य सरकार किसानों के कल्याण के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने बताया कि बंद पड़ी चीनी मिलों का पुनः संचालन और नई चीनी मिलों की स्थापना सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। NCLT में लंबित मामलों के शीघ्र समाधान के लिए सरकार विधिक कदम उठा रही है, जिससे गन्ना किसानों को लाभ होगा और राज्य में रोजगार एवं औद्योगिक विकास को बढ़ावा मिलेगा। सासामूसा चीनी मिल के किसानों का बकाया भुगतान हमारी प्राथमिकता है। कैबिनेट से मिली मंजूरी के बाद जल्द ही 14,000 किसानों के खातों में उनके हक का पैसा जाएगा, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति में सुधार होगा और मिल के चालू होने से गोपालगंज और आस-पास के क्षेत्रों में रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।


सासामूसा में सफलता की उम्मीद

राज्य सरकार की इस योजना से नई चीनी मिल की स्थापना होगी, जिससे राज्य में चीनी, इथेनॉल और बिजली के उत्पादन में वृद्धि होगी। उल्लेखनीय है कि सरकार ने पहले सीतामढ़ी स्थित रीगा चीनी मिल के किसानों के बकाये के लिए 51.31 करोड़ रुपये मंजूर किए थे। एनसीएलटी कोर्ट के फैसले के बाद रीगा मिल का चालू होना संभव हुआ और किसानों को 2025 में उनके बकाये का भुगतान किया गया। अब सासामूसा में भी इसी सफलता को दोहराने की तैयारी है।