गाजियाबाद में युवक की गोलीबारी और अपहरण का मामला, पुलिस की कार्रवाई पर उठे सवाल
गाजियाबाद में युवक का अपहरण और गोलीबारी
गाजियाबाद क्राइम समाचार: दिल्ली के निकट गाजियाबाद के ट्रोनिका सिटी थाना क्षेत्र में खड़खड़ी गांव के अंडरपास में एक युवक को कई गोलियां मारी गईं और फिर उसका अपहरण कर लिया गया। यह घटना 60 घंटे पहले हुई थी, लेकिन पुलिस अब तक अपहृत युवक का पता नहीं लगा पाई है। यह भी स्पष्ट नहीं है कि युवक जीवित है या उसकी मृत्यु हो चुकी है। इस घटना ने क्षेत्र में भय का माहौल पैदा कर दिया है, और स्थानीय लोग पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठा रहे हैं.
सूत्रों के अनुसार, लोनी थाना क्षेत्र के गनौली गांव के निवासी ओंकार उर्फ ओमन शुक्रवार सुबह लगभग 7:30 बजे बाइक पर पशुओं के लिए चारा लेने जा रहे थे, तभी खड़खड़ी अंडरपास पर कार सवार बदमाशों ने उन पर हमला कर दिया। परिवार का कहना है कि बदमाशों ने ओंकार को लगभग 6 गोलियां मारीं और फिर उसे अपनी कार में ले गए.
पुलिस की कार्रवाई और आरोपियों की खोज
गोलीबारी की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई। घटनास्थल से 5 से 6 खाली कारतूस के खोखे बरामद हुए हैं। पुलिस ने क्षेत्र की घेराबंदी कर दी है और आसपास के सीसीटीवी फुटेज की जांच कर रही है। ओंकार के भाई सुरेंद्र ने बताया कि गांव के प्रिंस और कुछ अन्य लोगों के साथ ओंकार का विवाद चल रहा था.
‘अगर पुलिस ने समय पर कार्रवाई की होती’
सुरेंद्र ने आरोप लगाया कि 21 मई को दूसरे पक्ष के लोगों ने ओंकार के बेटे देवस का पीछा किया था, जिसकी शिकायत लोनी कोतवाली में की गई थी, लेकिन पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। उनका कहना है कि यदि पुलिस समय पर कार्रवाई करती, तो यह घटना नहीं होती। एडिशनल पुलिस कमिश्नर केशव चौधरी ने बताया कि आरोपियों की तलाश के लिए 10 अलग-अलग पुलिस टीमें बनाई गई हैं, जिसमें क्राइम ब्रांच की टीम भी शामिल है.
लोनी थाना प्रभारी पर कार्रवाई
ओंकार की स्थिति के बारे में अभी तक कोई जानकारी नहीं मिल पाई है। प्रारंभिक जांच में पता चला है कि आरोपी पक्ष के लोग ही ओंकार को लेकर गए हैं, और उन्हें जल्द ही गिरफ्तार किया जाएगा। इस मामले में लोनी थाना प्रभारी मुकेश सोलंकी और चौकी इंचार्ज को लापरवाही के कारण निलंबित कर दिया गया है.