केदारनाथ धाम के कपाट श्रद्धालुओं के लिए खोले गए
केदारनाथ धाम के कपाट आज विधिपूर्वक खोले गए, जिसमें मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भाग लिया। इस अवसर पर उन्होंने श्रद्धालुओं के प्रति सेवा और आतिथ्य का आह्वान किया। धाम को 51 क्विंटल फूलों से सजाया गया और हेलीकॉप्टर से पुष्प वर्षा की गई। इस बार की यात्रा ऐतिहासिक होने की उम्मीद है। जानें इस पावन अवसर के बारे में और क्या खास रहा।
Apr 22, 2026, 11:48 IST
धाम के कपाट का उद्घाटन
श्रद्धा और आस्था का प्रतीक, ग्यारहवें ज्योर्तिलिंग श्री केदारनाथ धाम के कपाट आज बुधवार को विधिपूर्वक और वैदिक मंत्रों के साथ श्रद्धालुओं के दर्शन के लिए खोले गए। प्रातः 8 बजे शुभ मुहूर्त में कपाट खुलते ही पूरा धाम “हर-हर महादेव” और “जय श्री केदार” के नारों से गूंज उठा। इस अवसर पर पहली पूजा प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नाम से की गई।
मुख्यमंत्री की उपस्थिति
इस विशेष अवसर पर प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी भी उपस्थित रहे। उन्होंने बाबा केदारनाथ के दर्शन कर प्रदेश और देश की समृद्धि और शांति की कामना की। सिख रेजीमेंट के बैंड की भक्तिमय धुनों के बीच कपाट उद्घाटन का यह क्षण और भी दिव्य बन गया। मुख्यमंत्री ने सभी देशवासियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि केदारनाथ धाम केवल सनातन धर्मावलंबियों का आस्था का केंद्र नहीं है, बल्कि यह भारत की समृद्ध आध्यात्मिक और सांस्कृतिक विरासत का प्रतीक भी है। उन्होंने कहा कि चारधाम यात्रा हर वर्ष नए कीर्तिमान स्थापित कर रही है और इस वर्ष भी बाबा केदार के आशीर्वाद से यात्रा ऐतिहासिक होगी।
मुख्यमंत्री की अपील
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने चारधाम यात्रा को सुरक्षित और सुव्यवस्थित बनाने के लिए व्यापक इंतजाम किए हैं। उन्होंने उत्तराखंडवासियों से अपील की कि वे देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं के प्रति सेवा और आतिथ्य का भाव बनाए रखें। मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी को बाबा केदारनाथ का अनन्य भक्त बताते हुए कहा कि 2013 की आपदा के बाद उनके मार्गदर्शन में केदारनाथ धाम का भव्य पुनर्निर्माण हुआ है, जो आज विश्वभर के श्रद्धालुओं को आकर्षित कर रहा है।
धाम की सजावट
भगवान केदारनाथ की पंचमुखी उत्सव डोली शीतकालीन गद्दीस्थल श्री ओंकारेश्वर मंदिर, उखीमठ से गुप्तकाशी, फाटा और गौरीकुंड होते हुए कल शाम धाम पहुंच चुकी थी। कपाट खुलने की प्रक्रिया आज प्रातः 5 बजे से प्रारंभ हुई। इसके बाद प्रातः 8 बजे रावल भीमाशंकर लिंग, पुजारी टी गंगाधर, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, विधायक केदारनाथ आशा नौटियाल, तीर्थ पुरोहित उमेश चंद्र पोस्ती सहित धर्माचार्यों ने मंदिर के गर्भगृह में प्रवेश कर विधिवत पूजा-अर्चना की। देव आवाहन एवं लोककल्याण के संकल्प के साथ ठीक 8 बजे कपाट श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए गए। कपाट उद्घाटन के अवसर पर श्री केदारनाथ मंदिर को 51 क्विंटल से अधिक फूलों से सजाया गया। कपाट खुलते ही हेलीकॉप्टर से पुष्प वर्षा की गई, जिससे श्रद्धालु भाव-विभोर हो उठे।
उपस्थित गणमान्य व्यक्ति
कपाट खुलने के अवसर पर श्रीमती गीता धामी, बीकेटीसी अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी, विधायक केदारनाथ आशा नौटियाल, जिला पंचायत अध्यक्ष रुद्रप्रयाग पूनम कठैत, ब्लॉक प्रमुख ऊखीमठ पंकज शुक्ला, जिला पंचायत सदस्य अमित मैखंडी, पूर्व जिलाध्यक्ष महावीर पंवार, तीर्थ पुरोहित उमेश चंद्र पोस्ती, जिलाधिकारी रुद्रप्रयाग/मुख्य कार्याधिकारी बीकेटीसी विशाल मिश्रा, पुलिस अधीक्षक नीहारिका तोमर, सहित बड़ी संख्या में तीर्थ पुरोहितगण, हकहकूकधारी एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे।