कुवैत में ईरानी हमले से पावर और डेसैलिनेशन प्लांट को नुकसान, एक भारतीय मजदूर की मौत
कुवैत में ईरानी हमले का असर
कुवैत: ईरानी हमले में पावर और डेसैलिनेशन प्लांट क्षतिग्रस्त, भारतीय मजदूर की जान गई खाड़ी में युद्ध की आग फैली, भारतीयों की मौत का आंकड़ा बढ़कर 8
कुवैत सिटी, 30 मार्च 2026: अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच चल रहे संघर्ष ने अब खाड़ी देशों में भी दस्तक दे दी है। हाल ही में ईरान के हमले में कुवैत के एक पावर और जल डेसैलिनेशन प्लांट को निशाना बनाया गया, जिसमें एक भारतीय श्रमिक की जान चली गई। कुवैत के बिजली मंत्रालय ने इसे 'ईरानी आक्रामकता' करार दिया है।
घटना का विवरण:
कुवैत के बिजली और पानी मंत्रालय की प्रवक्ता फातिमा अब्बास जौहर हयात ने जानकारी दी कि हमले का निशाना प्लांट की सर्विस बिल्डिंग थी। इस हमले में भारी नुकसान हुआ और एक भारतीय कर्मचारी की मृत्यु हो गई। इमरजेंसी टीमों को तुरंत घटनास्थल पर भेजा गया है ताकि प्लांट का संचालन फिर से शुरू किया जा सके।
यह हमला ईरान द्वारा अमेरिका-इजराइल के हमलों के जवाब में किया गया माना जा रहा है। ईरान ने खाड़ी देशों में ऊर्जा सुविधाओं को निशाना बनाने की चेतावनी दी थी।
भारतीय दूतावास की प्रतिक्रिया:
विदेश मंत्रालय और कुवैत में भारतीय दूतावास स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। यह इस संघर्ष में मारे गए आठवें भारतीय की मौत है। पहले भी कई भारतीय श्रमिकों की जान जा चुकी है।
कुवैत सरकार का बयान: 'यह ईरानी आक्रामकता का हिस्सा है। हम इसकी निंदा करते हैं।'
क्षेत्रीय तनाव में वृद्धि:
- ईरान ने हाल के दिनों में कुवैत, सऊदी अरब, यूएई और बहरीन पर भी ड्रोन-मिसाइल हमले किए हैं।
- कुवैत इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर पहले भी ईरानी ड्रोन हमला हो चुका है।
- इस युद्ध में अब तक 3000 से अधिक लोग मारे जा चुके हैं।
ट्रंप का बयान: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के तेल संसाधनों पर कब्जे की बात कही है, जिससे तनाव और बढ़ गया है।
यह घटना खाड़ी में भारतीय समुदाय के लिए एक गंभीर चिंता का विषय बन गई है। भारत सरकार अपने नागरिकों की सुरक्षा के लिए कुवैत के साथ समन्वय कर रही है।
अधिक अपडेट्स के लिए: Al Jazeera, The Hindu, Times of India और Reuters पर नजर रखें।