कांग्रेस ने राम मंदिर चढ़ावे में हेराफेरी पर मोदी को घेरा
कांग्रेस का मोदी पर हमला
कांग्रेस पार्टी ने अयोध्या में राम मंदिर के चढ़ावे में कथित अनियमितताओं के मुद्दे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को निशाने पर लिया है। कांग्रेस के महासचिव जयराम रमेश ने इस मामले में प्रधानमंत्री की चुप्पी पर सवाल उठाते हुए कहा कि भाजपा और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) को देश 'आस्था के विश्वासघात' के लिए कभी माफ नहीं करेगा।
सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया
जयराम रमेश ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर अपनी प्रतिक्रिया में कहा कि इस कथित चढ़ावे की चोरी का मामला सामने आए एक महीने से अधिक समय हो चुका है, लेकिन प्रधानमंत्री इस पर चुप हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि राम मंदिर के नाम पर राजनीति करने वालों की सच्चाई अब नए तथ्यों के उजागर होने से सामने आ रही है। कांग्रेस ने इस मामले में सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में निष्पक्ष जांच, फॉरेंसिक ऑडिट और दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की है।
एसआईटी की कार्रवाई पर सवाल
कांग्रेस महासचिव ने विशेष जांच दल (एसआईटी) की कार्रवाई पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि एसआईटी को यह स्वीकार करना पड़ा है कि चढ़ावे से लाखों रुपये प्रतिदिन गायब हो रहे हैं। रमेश ने यह भी आरोप लगाया कि यह मामला केवल कुछ छोटे कर्मचारियों तक सीमित नहीं है और सरकार असली गुनहगारों को बचाने की कोशिश कर रही है।
कांग्रेस का प्रेस कॉन्फ्रेंस
शनिवार को कांग्रेस ने देशभर में 26 स्थानों पर प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित कर इस मुद्दे को उठाया और कहा कि वह संसद के आगामी सत्र में इस पर जवाब मांगेगी। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि एसआईटी की रिपोर्ट इस गंभीर समस्या का केवल एक छोटा हिस्सा है और बड़े लोग आज भी बिना किसी डर के घूम रहे हैं, जिन्हें प्रधानमंत्री का संरक्षण प्राप्त है।
भाजपा का स्पष्टीकरण
विपक्ष के हमलों के बीच भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने इस मामले पर अपना रुख स्पष्ट किया है। भाजपा ने कहा है कि चढ़ावे की चोरी के मामले में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसे बख्शा नहीं जाएगा। इसके साथ ही भाजपा ने विपक्षी दलों पर आरोप लगाया कि जो दल कभी राम मंदिर निर्माण के समर्थन में नहीं थे, वे अब इस मुद्दे का राजनीतिक लाभ उठाने की कोशिश कर रहे हैं।