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कर्नाटक के गृह मंत्री ने राम मंदिर चंदा मामले में बीजेपी पर उठाए सवाल

कर्नाटक के गृह मंत्री प्रियांक खड़गे ने राम मंदिर चंदा मामले में बीजेपी की आलोचना की है, यह सवाल उठाते हुए कि प्रधानमंत्री मोदी और योगी आदित्यनाथ इस पर चुप क्यों हैं। समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव ने भी बीजेपी पर निशाना साधा, आरोप लगाते हुए कि पार्टी आस्था से ज्यादा धन को महत्व देती है। इस बीच, अयोध्या की अदालत ने चंदा हेराफेरी के मामले में आठ आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। जानें पूरी कहानी में क्या है।
 

बीजेपी की आलोचना

कर्नाटक के गृह मंत्री प्रियांक खड़गे ने शनिवार को राम मंदिर चंदा मामले में बीजेपी की आलोचना की। उन्होंने यह सवाल उठाया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ इस मामले पर चुप क्यों हैं। बेंगलुरु में मीडिया से बातचीत करते हुए खड़गे ने कहा कि अब प्रधानमंत्री और योगी आदित्यनाथ की आवाज़ कहाँ है? उन्होंने कहा कि भगवान राम के भक्तों की भावनाओं के साथ खिलवाड़ नहीं होना चाहिए। क्या कांग्रेस या समाजवादी पार्टी इसमें शामिल थी? उन्होंने आरोप लगाया कि बीजेपी भक्तों की आस्था की रक्षा करने में असफल रही है। ये वही लोग हैं जिन्होंने भगवान राम के नाम पर लूट-खसोट की है और धर्म के नाम पर राजनीति कर रहे हैं।


अखिलेश यादव की प्रतिक्रिया

समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव ने भी बीजेपी पर निशाना साधते हुए कहा कि सत्ताधारी पार्टी आस्था से ज्यादा धन को महत्व देती है। उन्होंने चेतावनी दी कि जो लोग भक्तों की भावनाओं के साथ खिलवाड़ करते हैं, उन्हें भगवान श्री राम कभी माफ नहीं करेंगे। आज़मगढ़ में बोलते हुए यादव ने कहा कि लोगों को यह महसूस हो रहा है कि बीजेपी का ध्यान धर्म से ज्यादा धन पर है। उनके लिए धन ही धर्म है। उन्होंने यह भी कहा कि मुख्यमंत्री का दावा है कि उन्होंने अयोध्या में सबसे ज्यादा दौरे किए हैं, लेकिन क्या उन्हें वहाँ की स्थिति की जानकारी नहीं थी?


राम मंदिर चंदा मामले में न्यायिक कार्रवाई

शुक्रवार को अयोध्या की अदालत ने राम मंदिर चंदे में हेराफेरी के मामले में आठ आरोपियों को 29 जून तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया। गिरफ्तारी के बाद इन आरोपियों को स्थानीय अदालत में पेश किया गया था। अयोध्या के मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट कोर्ट के अभियोजन अधिकारी के.सी. वर्मा ने बताया कि सभी आठ आरोपियों को सोमवार तक न्यायिक हिरासत में रखा गया है और वे 29 जून को फिर से अदालत में पेश होंगे।