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उत्तर प्रदेश में मौसम में बदलाव: 69 जिलों में आंधी और बारिश का अलर्ट

उत्तर प्रदेश में मौसम ने अचानक करवट ली है, जहां 69 जिलों में आंधी और बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। मौसम विभाग ने 31 मई तक भारी बारिश और ओलावृष्टि की संभावना जताई है। इस दौरान गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद है, लेकिन हीटवेव का खतरा भी बना हुआ है। जानें किन जिलों में अधिक असर होगा और क्या हैं मौसम विभाग की चेतावनियाँ।
 

उत्तर प्रदेश में मौसम का अचानक परिवर्तन

UP Weather News: उत्तर प्रदेश में नौतपा के चौथे दिन मौसम ने एकदम से करवट ली है। गुरुवार को प्रदेश के कई हिस्सों में तेज हवाएं चल रही हैं और आसमान में बादल छा गए हैं। मौसम विभाग ने राज्य के 69 जिलों में बारिश और आंधी-तूफान का अलर्ट जारी किया है, जिसमें 24 जिलों में ओलावृष्टि की संभावना भी जताई गई है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, कुछ क्षेत्रों में हवाओं की गति 100 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। 31 मई तक प्रदेश में आंधी, तूफान और भारी बारिश का सिलसिला जारी रहने की उम्मीद है, जिससे भीषण गर्मी से राहत मिलने की संभावना है।


गर्मी के बीच मौसम में बदलाव

हालांकि, प्रदेश में मौसम बदलने के साथ-साथ गर्मी भी लोगों को परेशान कर रही है। गुरुवार को बांदा प्रदेश का सबसे गर्म जिला रहा, जहां अधिकतम तापमान 47.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। कई अन्य जिलों में तापमान 45 डिग्री के पार पहुंच गया है। प्रयागराज में लोग तेज धूप और गर्म हवाओं से बचने के लिए विभिन्न उपाय करते नजर आए। एक युवक स्कूटी पर पूरा कवर लगाकर निकला, जिसकी तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हो गईं। वहीं, अयोध्या में एक ऑटो में अचानक आग लगने की घटना भी सामने आई, जिसमें यात्रियों ने कूदकर अपनी जान बचाई।


हीटवेव का अलर्ट

मौसम विभाग ने प्रदेश के 11 जिलों में हीटवेव चलने की संभावना भी जताई है। विशेषज्ञों का कहना है कि नौतपा के दौरान गर्मी अपने चरम पर पहुंच जाती है, जिससे तेज धूप और गर्म हवाएं लोगों को बीमार कर सकती हैं। डॉक्टरों का कहना है कि इस मौसम में हीटस्ट्रोक का खतरा बढ़ जाता है, और समय पर इलाज न मिलने पर यह जानलेवा हो सकता है।


पश्चिमी विक्षोभ का प्रभाव

लखनऊ स्थित मौसम विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह ने बताया कि प्रदेश में नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो रहा है। इसके साथ ही दक्षिण बिहार और आसपास के क्षेत्रों में ऊंचाई पर चक्रवाती हवाओं की स्थिति बनी हुई है। इन दोनों सिस्टमों के प्रभाव से उत्तर प्रदेश में मौसम तेजी से बदल सकता है। अगले कुछ दिनों में प्रदेश के कई हिस्सों में तेज आंधी, बारिश और ओलावृष्टि की संभावना है, जिससे तापमान में 6 से 8 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट आ सकती है।


रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी

भारतीय मौसम विभाग (IMD) के लखनऊ केंद्र ने 28 मई से 1 जून तक के लिए रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी किया है।



  • 28 और 29 मई को पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में 70 से 100 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज आंधी-तूफान आ सकता है। इसके साथ भारी बारिश और ओलावृष्टि की भी संभावना है।

  • 30 मई को कई जिलों में मेघगर्जन, बिजली चमकने और 60 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने का अनुमान है।

  • 31 मई और 1 जून को भी गरज-चमक के साथ बारिश और तेज हवाओं का दौर जारी रह सकता है।


प्रभावित जिलों की सूची

मौसम विभाग के अनुसार, पश्चिमी उत्तर प्रदेश के बागपत, मेरठ, गाजियाबाद, हापुड़, बुलंदशहर, अलीगढ़, मथुरा, आगरा, फिरोजाबाद, एटा, मैनपुरी, इटावा, कासगंज, बदायूं, बरेली, पीलीभीत और शाहजहांपुर जैसे जिलों में मौसम का ज्यादा असर देखने को मिल सकता है। इसके अलावा लखनऊ, कानपुर, अयोध्या, गोरखपुर, वाराणसी, प्रयागराज, झांसी, ललितपुर, हमीरपुर, महोबा, चित्रकूट और बांदा समेत पूर्वी और मध्य उत्तर प्रदेश के कई जिलों में भी भारी बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट जारी किया गया है।


सतर्क रहने की सलाह

IMD ने किसानों, पशुपालकों और आम नागरिकों को सतर्क रहने की सलाह दी है। विभाग का कहना है कि तेज हवाओं के कारण पेड़, बिजली के खंभे और कच्चे मकान क्षतिग्रस्त हो सकते हैं। ओलावृष्टि से खड़ी फसलों को नुकसान पहुंचने की आशंका है।



मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, पश्चिमी विक्षोभ और दक्षिण-पूर्वी हवाओं के मिलन से बनी यह सक्रिय मौसम प्रणाली 31 मई तक प्रभावी रह सकती है। ऐसे में लोगों को मौसम विभाग की चेतावनियों पर ध्यान देने और जरूरत पड़ने पर ही घर से बाहर निकलने की सलाह दी गई है।