इजराइल का लेबनान पर हमला जारी, अमेरिका ने सीजफायर को किया स्पष्ट
सीजफायर के बावजूद इजराइल का हमला
मिडिल-ईस्ट में पिछले 40 दिनों से चल रहे संघर्ष के बीच अमेरिका द्वारा घोषित सीजफायर के बाद शांति की उम्मीदें थीं। लेकिन, इजराइल ने केवल 24 घंटे के भीतर ही इस शांति को तोड़ दिया। अमेरिका के समर्थन के बावजूद, इजराइल ने लेबनान पर लगातार हमले किए। अमेरिका ने स्पष्ट किया है कि लेबनान इस सीजफायर का हिस्सा नहीं है।
उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने कहा कि अमेरिका-ईरान संघर्ष का यह सीजफायर लेबनान को शामिल नहीं करता। उन्होंने यह भी बताया कि न तो अमेरिका और न ही इजराइल ने इस पर सहमति दी थी। पाकिस्तान के बयान के बाद कि लेबनान को सीजफायर में शामिल किया गया है, वेंस ने कहा कि इजराइल ने लेबनान में महज 10 मिनट के भीतर लगभग 100 हमले किए, जिसमें सैकड़ों लोग मारे गए।
बेंजामिन नेतन्याहू का बयान
इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा कि उनका देश राष्ट्रपति ट्रंप के उस निर्णय का समर्थन करता है, जिसमें ईरान के खिलाफ हमलों को दो हफ्तों के लिए रोकने का आदेश दिया गया है, बशर्ते ईरान होर्मुज स्ट्रेट को तुरंत खोले। उन्होंने यह भी कहा कि अमेरिका, इजराइल और क्षेत्र के अन्य देशों पर सभी हमले रोकने चाहिए। हालांकि, उन्होंने यह भी बताया कि अमेरिका ने इजराइल को आश्वासन दिया है कि वह आगामी बातचीत में लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए प्रतिबद्ध है।
ट्रंप का समर्थन
राष्ट्रपति ट्रंप ने लेबनान में इजराइल के सैन्य अभियान का समर्थन करते हुए कहा कि हिज्बुल्लाह को हाल ही में हुए सीजफायर समझौते में शामिल नहीं किया गया था। जब मीडिया ने उनसे पूछा कि सीजफायर की घोषणा के बावजूद लेबनान को क्यों निशाना बनाया जा रहा है, तो ट्रंप ने कहा कि हिज्बुल्लाह को इस समझौते में शामिल नहीं किया गया था।
ट्रंप ने यह भी कहा कि इजराइली सैन्य कार्रवाई को इस समझौते से बाहर रखा गया है, और इसका कारण हिज्बुल्लाह है। उन्होंने आश्वासन दिया कि इस समस्या का समाधान हो जाएगा।