आगरा में दहेज की मांग पर दुल्हन के पिता ने उठाए हाथ, मामला पंचायत तक पहुंचा
शादियों के सीजन में दहेज की अनोखी मांग
इन दिनों शादियों का मौसम है, और इस दौरान बारातों और विवाह समारोहों का आना-जाना सामान्य है। लेकिन, यह सच है कि शादी केवल एक समारोह नहीं, बल्कि लड़के और लड़की के परिवारों के बीच एक समझौता बन जाता है, जिसमें पैसे और दहेज की मांगें शामिल होती हैं। भारत में, कई माता-पिता अपनी बेटियों को बोझ समझते हैं, जिसका फायदा लड़के वाले उठाते हैं। आगरा में एक ऐसा ही मामला सामने आया है, जहां दुल्हन के पिता ने दहेज की मांग पर हाथ जोड़ दिए।
दुल्हन के पिता की दहेज मांग पर प्रतिक्रिया
आगरा के ताजगंज थाना क्षेत्र में एक धूमधाम से शादी हो रही थी। बारात आई, द्वारचार हुआ, और फिर जयमाल की रस्म हुई। जब दुल्हा मंडप में पहुंचा और फेरे लेने की तैयारी थी, तभी लड़के की मां ने बेटे को रुकने का इशारा किया। इसके बाद लड़के वालों ने दुल्हन के पिता से 35 लाख रुपये की पजेरो कार की मांग की। पहले से ही 35 लाख रुपये खर्च कर चुके दुल्हन के पिता ने असमर्थता जताई, जिससे लड़के वाले नाराज हो गए।
पंचायत का फैसला और पुलिस कार्रवाई
लड़के वालों ने बारात लौटाने की धमकी दी, जिसके बाद दुल्हन के परिवार ने 100 नंबर डायल किया। मामला पंचायत तक पहुंचा, जिसने फैसला सुनाया कि लड़के वालों को दुल्हन के पिता को खर्च लौटाना होगा। लड़के वालों ने तीन दिन तक दुल्हन के परिवार को परेशान किया और फिर चालाकी से उनके खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज करवा दी। लेकिन, अंततः मामला खुल गया।
लड़की के परिवार ने लड़के वालों के खिलाफ मामला दर्ज कराया और पुलिस ने जांच शुरू की। दुल्हन के पिता ने कहा, 'दोषियों को सजा मिलनी चाहिए ताकि किसी और की बेटी के साथ ऐसा न हो सके। मैं ऊपरवाले का शुक्रगुजार हूं कि मेरी बेटी दहेजलोभियों के घर नहीं गई।'