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अलीगढ़ में खाद्य पदार्थों में मिलावट के खिलाफ सख्त कार्रवाई

उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ में खाद्य सुरक्षा विभाग ने नकली पनीर और सिंथेटिक दूध के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई की है। इस छापेमारी में 400 किलो नकली पनीर और 2000 लीटर सिंथेटिक दूध बरामद किया गया। अधिकारियों ने कहा है कि मिलावटखोरी के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे और ऐसे मामलों में निरंतर कार्रवाई की जाएगी। त्योहारों के दौरान खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता की जांच के लिए विशेष अभियान चलाए जाएंगे। जानें इस कार्रवाई के बारे में और क्या कदम उठाए गए हैं।
 

खाद्य सुरक्षा विभाग की बड़ी कार्रवाई


उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ में खाद्य पदार्थों में मिलावट के खिलाफ एक महत्वपूर्ण कार्रवाई की गई है। फूड सेफ्टी विभाग की टीम ने छापेमारी कर नकली पनीर और सिंथेटिक दूध की बड़ी मात्रा बरामद की। इस कार्रवाई में लगभग 400 किलो नकली पनीर और 2000 लीटर सिंथेटिक दूध जब्त किया गया, जिसके बाद कई डेयरी प्रतिष्ठानों के खिलाफ कार्रवाई की गई।


मिलावट के खिलाफ सख्त कदम

फूड सेफ्टी टीम की इस कार्रवाई ने इलाके में हड़कंप मचा दिया है। अधिकारियों का कहना है कि जो लोग लोगों की सेहत के साथ खिलवाड़ कर रहे हैं, उनके खिलाफ कठोर कदम उठाए जाएंगे और मिलावटखोरी के खिलाफ अभियान निरंतर जारी रहेगा।


छापेमारी के दौरान मिली मिलावट

सूत्रों के अनुसार, फूड सेफ्टी विभाग को कुछ डेयरी संचालकों द्वारा मिलावटी दूध और पनीर बनाने की शिकायतें मिली थीं। इन शिकायतों के आधार पर टीम ने विभिन्न स्थानों पर जांच अभियान चलाया।


जांच के दौरान टीम को संदिग्ध पनीर और दूध की बड़ी मात्रा मिली। प्रारंभिक जांच में इनकी सिंथेटिक और मिलावटी होने की आशंका जताई गई, जिसके बाद नमूने परीक्षण के लिए भेजे गए।


बरामद सामग्री का नष्ट करना

अधिकारियों ने कार्रवाई करते हुए बरामद नकली पनीर और सिंथेटिक दूध को नष्ट कर दिया। इसके साथ ही संबंधित डेयरी संचालकों के खिलाफ नियमों के तहत कार्रवाई शुरू की गई है।


फूड सेफ्टी विभाग का कहना है कि खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। मिलावट करने वालों पर जुर्माना और कानूनी कार्रवाई का प्रावधान है।


कई डेयरी प्रतिष्ठानों पर कार्रवाई

छापेमारी के दौरान कई डेयरी प्रतिष्ठानों को जांच के दायरे में लिया गया। कुछ स्थानों पर नियमों का उल्लंघन पाए जाने के कारण सील करने की कार्रवाई भी की गई।


विभाग की टीम ने खाद्य सामग्री की गुणवत्ता, लाइसेंस और उत्पादन प्रक्रिया से संबंधित दस्तावेजों की भी जांच की।


त्योहारों से पहले निगरानी बढ़ाई गई

त्योहारी सीजन में दूध, पनीर, मिठाई और अन्य खाद्य पदार्थों की मांग बढ़ जाती है। इसे ध्यान में रखते हुए खाद्य सुरक्षा विभाग अक्सर विशेष अभियान चलाता है, ताकि बाजार में मिलावटी सामान की बिक्री पर रोक लगाई जा सके।


अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि वे खाद्य सामग्री खरीदते समय सावधानी बरतें और संदिग्ध उत्पादों की जानकारी तुरंत संबंधित विभाग को दें।


मिलावटखोरी पर सख्ती जारी

फूड सेफ्टी विभाग का कहना है कि मिलावटखोरी लोगों के स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा है। ऐसे मामलों में लगातार कार्रवाई की जाएगी और दोषियों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे।


अलीगढ़ की इस कार्रवाई के बाद अन्य डेयरी संचालकों में भी सतर्कता बढ़ गई है। विभाग ने संकेत दिए हैं कि आने वाले दिनों में भी जिले में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता जांचने के लिए अभियान जारी रहेगा।