CJP प्रदर्शन मामले में सौरव दास और आशुतोष रांका की जमानत याचिका दायर
दिल्ली में जमानत की कोशिशें तेज
दिल्ली में CJP प्रदर्शन से संबंधित मामले में गिरफ्तार सौरव दास और आशुतोष रांका को जमानत दिलाने के प्रयास तेज हो गए हैं। दोनों की गिरफ्तारी के बाद पटियाला हाउस कोर्ट में जमानत याचिका दायर की गई है। इस घटनाक्रम के बाद अदालत की अगली कार्रवाई पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं।
तिहाड़ जेल में अलग-अलग रखा गया
दोनों को तिहाड़ जेल में अलग-अलग नंबरों पर रखा गया है। जानकारी के अनुसार, आशुतोष रांका तिहाड़ की जेल नंबर 4 में हैं, जबकि सौरव दास को जेल नंबर 2 में रखा गया है। जमानत याचिका दायर होने के बाद अदालत में इस पर सुनवाई और आगे की कानूनी प्रक्रिया महत्वपूर्ण होगी।
जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के बाद की कार्रवाई
यह मामला दिल्ली के जंतर-मंतर पर CJP यानी कॉकरोच जनता पार्टी के प्रदर्शन से जुड़ा है। पार्टी के नेताओं ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर प्रदर्शन किया था। पुलिस के अनुसार, प्रदर्शनकारियों ने प्रतिबंधित क्षेत्र में प्रवेश किया और पहले से लागू शर्तों का उल्लंघन किया। इसी आधार पर सौरव दास और आशुतोष रांका के खिलाफ कार्रवाई की गई।
पुलिस द्वारा लगाए गए आरोप
पुलिस ने आरोप लगाया है कि इन नेताओं ने निषेधाज्ञा का उल्लंघन किया, शांति बनाए रखने के लिए दिए गए बॉंड की शर्तें तोड़ीं और सरकारी कर्मचारियों के काम में बाधा डाली। हालांकि, ये आरोप हैं और अदालत आगे की कानूनी प्रक्रिया के दौरान इन पर विचार करेगी।
न्यायिक हिरासत में भेजे गए थे दोनों नेता
14 अक्टूबर को सौरव दास और आशुतोष रांका को पांच दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा गया था। इसके बाद दोनों को तिहाड़ जेल में रखा गया। उनके सहयोगी अजिंक्य शिंदे को निजी बॉंड पर रिहा किए जाने की जानकारी भी सामने आई थी।
जमानत याचिका का महत्व
अब पटियाला हाउस कोर्ट में जमानत याचिका दायर होने से दोनों नेताओं को राहत मिलने की संभावना पर चर्चा हो रही है। हालांकि, जमानत पर अदालत का अंतिम फैसला और सुनवाई की स्थिति सामने आने के बाद ही स्पष्ट होगा कि दोनों को जेल से रिहाई मिलती है या नहीं।
आगे की कानूनी स्थिति
फिलहाल, मामले में सबसे महत्वपूर्ण घटनाक्रम जमानत याचिका का दायर होना है। अदालत की सुनवाई और आदेश के बाद सौरव दास तथा आशुतोष रांका की आगे की कानूनी स्थिति स्पष्ट होगी।