क्रिस्टियानो रोनाल्डो ने अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल से लिया संन्यास, 23 साल का करियर समाप्त
रोनाल्डो का संन्यास और करियर की उपलब्धियाँ
क्रिस्टियानो रोनाल्डो, जो फुटबॉल की दुनिया के सबसे महान खिलाड़ियों में से एक माने जाते हैं, ने अपने 23 साल लंबे अंतरराष्ट्रीय करियर को समाप्त करने का निर्णय लिया है। 41 वर्षीय इस दिग्गज ने सोशल मीडिया पर एक भावुक वीडियो के माध्यम से पुर्तगाल की राष्ट्रीय टीम से अपने संन्यास की घोषणा की। रोनाल्डो ने पुरुषों के अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल में सबसे अधिक 234 मैच खेलने और 146 गोल करने का रिकॉर्ड अपने नाम किया है। उन्होंने यह भी बताया कि वह अपनी प्रसिद्ध 7 नंबर की जर्सी अगली पीढ़ी को सौंप रहे हैं। हालांकि, उनके करियर का यह अंतिम चरण कुछ विवादों से भरा रहा, जिसमें मुख्य कोच जॉर्ज जीसस के साथ मतभेद शामिल हैं।
अपने विदाई संदेश में, रोनाल्डो ने पुर्तगाली प्रशंसकों, परिवार और सहयोगियों के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि वह गर्व के साथ यह महसूस करते हैं कि उन्होंने अपने देश के लिए सब कुछ किया। सितंबर में नॉर्वे के खिलाफ नेशंस लीग मैच में उन्हें बेंच पर बैठाए जाने के बाद विवाद शुरू हुआ, जिसके कारण उन्होंने कोपेनहेगन में प्रशिक्षण शिविर छोड़ दिया था। इस घटना के लिए उन्हें 30 दिन का निलंबन भी झेलना पड़ा। जबकि रोनाल्डो ने 2026 विश्व कप के बाद संन्यास लेने की योजना बनाई थी, लेकिन हाल की घटनाओं ने उन्हें पहले ही यह निर्णय लेने पर मजबूर कर दिया।
रोनाल्डो ने अगस्त 2003 में कजाकिस्तान के खिलाफ अपने अंतरराष्ट्रीय करियर की शुरुआत की थी। इस दौरान उन्होंने पुर्तगाल को कई महत्वपूर्ण उपलब्धियाँ दिलाईं, जैसे कि यूरो 2016 का खिताब और 2019 तथा 2025 में नेशंस लीग ट्रॉफी। वह छह अलग-अलग फीफा विश्व कप संस्करणों में गोल करने वाले पहले खिलाड़ी बने। हालांकि, विश्व कप जीतना उनका सपना अधूरा रह गया, लेकिन 234 मैचों में 146 गोल, तीन प्रमुख अंतरराष्ट्रीय ट्रॉफियां और कई रिकॉर्ड्स के साथ उनका सफर हमेशा पुर्तगाली फुटबॉल के इतिहास में याद रखा जाएगा। अब रोनाल्डो का ध्यान क्लब फुटबॉल पर केंद्रित होगा, जहां वह अपने करियर के 1,000 गोल के लक्ष्य (वर्तमान में 979 गोल) के करीब हैं।