ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव: अमेरिकी विमान गिराने का दावा
मध्य पूर्व में तनाव की स्थिति
मध्य पूर्व इस समय एक संवेदनशील और जटिल स्थिति का सामना कर रहा है। एक ओर शांति की कोशिशें चल रही हैं, वहीं दूसरी ओर सैन्य गतिविधियों में वृद्धि हो रही है। हाल ही में ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते सैन्य टकराव ने वैश्विक चिंता को बढ़ा दिया है। ईरान के सरकारी मीडिया ने बताया है कि उसकी सेना ने बुशहर प्रांत में एक अमेरिकी विमान को मार गिराया। हालांकि, अमेरिका ने इस दावे को पूरी तरह से खारिज कर दिया है, इसे केवल एक अफवाह बताया है।
ईरान की सरकारी टेलीविजन और समाचार एजेंसी तसनीम ने बताया कि ईरान के उन्नत एयर डिफेंस सिस्टम ने एक दुश्मन विमान को मार गिराया। यह विमान अमेरिका का एक मानव रहित जासूसी ड्रोन था, जो ईरान के तटीय और परमाणु स्थलों की निगरानी कर रहा था। ईरान ने यह भी कहा कि उसने चेतावनी के तौर पर मिसाइलें भी दागी हैं।
अमेरिका का खंडन
ईरान के इस दावे के कुछ घंटों बाद, अमेरिकी सेना के यूएस सेंट्रल कमांड ने एक आधिकारिक बयान जारी कर इस खबर का खंडन किया। सेंट्रल कमांड ने कहा कि उनका कोई भी विमान या ड्रोन लापता नहीं हुआ है और सभी हवाई संसाधन सुरक्षित हैं। यह घटनाक्रम ईरानी मीडिया द्वारा बुशहर में एक अमेरिकी विमान के नष्ट होने की खबर के बाद सामने आया।
ट्रंप का समझौता ज्ञापन
सीएनएन की रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वैंस ने कहा कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ईरान के साथ प्रस्तावित समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर करने के लिए अभी भी अनिश्चितता में हैं। उन्होंने बताया कि कुछ शब्दों पर बातचीत जारी है। जॉइंट बेस एंड्रयूज पर पत्रकारों से बात करते हुए वैंस ने कहा कि यह तय नहीं हुआ है कि राष्ट्रपति कब हस्ताक्षर करेंगे।