गौरव गेरा की संघर्ष की कहानी: 84 रुपये के साथ शुरू हुआ सफर
धुरंधर में गौरव गेरा का किरदार
फिल्म ‘धुरंधर’ और इसके सीक्वल ‘धुरंधर: द रिवेंज’ में अभिनेता गौरव गेरा ने ‘मोहम्मद आलम’ का किरदार निभाकर दर्शकों के दिलों में एक खास जगह बनाई है। वर्तमान में, वह अपनी इस सफलता का आनंद ले रहे हैं। हालांकि, उन्होंने बताया कि इस मुकाम तक पहुंचना उनके लिए आसान नहीं था। गौरव ने अपने जीवन में कई संघर्षों और आर्थिक चुनौतियों का सामना किया है।
शुरुआत और संघर्ष
गौरव गेरा ने एक साक्षात्कार में बताया कि उनके परिवार का फिल्म उद्योग से कोई संबंध नहीं था। उनका कला में रुचि स्कूल के कार्यक्रमों और फैंसी ड्रेस प्रतियोगिताओं से शुरू हुई। हालांकि, पढ़ाई को प्राथमिकता दी जाती थी। उन्होंने कहा कि कला में उन्हें ए-प्लस ग्रेड मिलता था, जबकि उनकी शैक्षणिक प्रदर्शन 72%, 80%, और 82% के बीच थी।
फैशन डिजाइनिंग से करियर की शुरुआत
गौरव ने अपने करियर की शुरुआत फैशन डिजाइनिंग से की। उन्होंने कहा, “मेरी स्केचिंग अच्छी थी। मैंने कॉलेज ऑफ आर्ट्स में आवेदन किया, लेकिन सफल नहीं हो सका। फिर मैंने पर्ल एकेडमी ऑफ फैशन जॉइन की, लेकिन बाद में महसूस किया कि यह मेरे लिए सही नहीं है।”
मुंबई में कठिनाइयाँ
मुंबई आने के बाद गौरव को कई कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। उन्होंने कहा, “मेरे बैंक खाते में केवल 84 रुपये थे। मैं एचडीएफसी बैंक के सामने से गुजरते हुए कहता था कि मेरा ख्याल रखना। मैं अक्सर बैंक के सामने मत्था टेकता था।”
सफलता और विनम्रता
गौरव ने बताया कि उनके पिता ने हमेशा उनका समर्थन किया, लेकिन आर्थिक स्थिति सीमित थी। उन्होंने कहा, “हमें ऑटो के पैसे नहीं होते थे, तो हम पैदल चलते थे। मैं हमेशा देने वाला बनना चाहता था, लेने वाला नहीं।” जब उनसे पूछा गया कि क्या ‘धुरंधर’ की सफलता ने उन्हें अहंकारी बना दिया है, तो उन्होंने कहा, “नहीं। अब मुझे लगता है कि यह सिर्फ एक काम है जो मैंने किया है और लोगों को पसंद आया है।”