सोने और चांदी की कीमतों में उछाल, इंपोर्ट ड्यूटी का असर
सोने और चांदी की कीमतों में वृद्धि
सरकार ने गिरते रुपये को स्थिर करने के लिए इंपोर्ट ड्यूटी बढ़ाई है, जबकि अंतरराष्ट्रीय बाजार में डॉलर इंडेक्स में कमी आई है। इसका लाभ सोने और चांदी की कीमतों में वृद्धि के रूप में देखने को मिला है। आंकड़ों के अनुसार, देश के वायदा बाजार में मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज पर सोने की कीमत में 11,000 रुपये प्रति दस ग्राम की बढ़ोतरी हुई है। वहीं, चांदी की कीमत 3 लाख रुपये के स्तर को पार कर गई है। विशेषज्ञों का मानना है कि इंपोर्ट ड्यूटी में वृद्धि के बाद सोना और चांदी अपने दाम को समायोजित करने में लगे हुए हैं।
सोने की कीमत में जबरदस्त उछाल
मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज पर सोने की कीमत में उल्लेखनीय वृद्धि देखी गई है। कारोबारी सत्र के दौरान सोने की कीमत में 11,000 रुपये प्रति दस ग्राम से अधिक की बढ़ोतरी हुई। सुबह 9:35 बजे सोने की कीमत में 8,300 रुपये की वृद्धि हुई, जिससे यह 161,742 रुपये प्रति दस ग्राम हो गई। कारोबारी सत्र के दौरान सोने की कीमत 11055 रुपये की वृद्धि के साथ 164,497 रुपये पर पहुंच गई, जो दिन का उच्चतम स्तर है।
चांदी की कीमत 3 लाख रुपये के पार
वहीं, चांदी की कीमत भी मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज पर बढ़ी है। कारोबारी सत्र के दौरान चांदी की कीमत 3 लाख रुपये के पार पहुंच गई। आंकड़ों के अनुसार, चांदी की कीमत में 22,367 रुपये की वृद्धि हुई, जिससे यह 301,429 रुपये प्रति किलोग्राम हो गई। चांदी की कीमत सुबह 290,224 रुपये पर खुली थी, जबकि एक दिन पहले यह 279,062 रुपये पर बंद हुई थी।
इंपोर्ट ड्यूटी में वृद्धि का कारण
भारत सरकार ने सोने और चांदी पर इंपोर्ट टैरिफ को 6% से बढ़ाकर 15% कर दिया है। इसमें 10% बेसिक कस्टम ड्यूटी और 5% एग्रीकल्चर इंफ्रास्ट्रक्चर एंड डेवलपमेंट सेस शामिल है। वैश्विक बाजार में सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट का कारण अमेरिका-ईरान युद्ध की अनिश्चितता और अमेरिका में महंगाई के स्थिर आंकड़े हैं।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में गिरावट
अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट आई है। अमेरिका-ईरान युद्ध से जुड़ी अनिश्चितता और मजबूत अमेरिकी महंगाई के आंकड़ों ने फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरों में कटौती की उम्मीदों को कम कर दिया है। स्पॉट गोल्ड की कीमत 0.4% गिरकर 4,695.99 डॉलर प्रति औंस हो गई।
भविष्य की संभावनाएं
कमोडिटी विशेषज्ञ अनुज गुप्ता के अनुसार, कस्टम ड्यूटी में वृद्धि के बाद सोने और चांदी की कीमतों को समर्थन मिला है। उन्होंने कहा कि अगले कुछ दिनों में यह स्पष्ट होगा कि सोने की मांग में कमी आएगी या नहीं। हालांकि, उन्होंने चेतावनी दी कि कीमतों में यह वृद्धि लंबे समय तक नहीं टिकेगी।