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कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट, फिर भी पेट्रोल-डीजल के दाम स्थिर

अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में लगभग 9% की गिरावट आई है, लेकिन भारतीय तेल कंपनियों ने पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कोई राहत नहीं दी है। 5 नवंबर 2026 को जारी नए रेट्स के अनुसार, प्रमुख शहरों में ईंधन की कीमतें स्थिर बनी हुई हैं। जानें कि कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट का असर घरेलू बाजार पर कब दिखाई देगा और आज आपके शहर में पेट्रोल-डीजल के दाम क्या हैं।
 

कच्चे तेल की कीमतों में भारी गिरावट


अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में लगभग 9% की गिरावट आई है। इसके बावजूद, भारतीय तेल कंपनियों ने आम जनता को पेट्रोल और डीजल की कीमतों में कोई राहत नहीं दी है। 5 नवंबर 2026 को देश के प्रमुख शहरों में पेट्रोल-डीजल के नए रेट जारी किए गए हैं, जो पिछले स्तर पर ही बने हुए हैं। ऐसे में सवाल उठता है कि जब अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चा तेल सस्ता हो रहा है, तो भारतीय उपभोक्ताओं को इसका लाभ कब मिलेगा?


पेट्रोल-डीजल के दामों की स्थिति

कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट


अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में बुधवार को लगभग 9% की कमी आई। इसके बाद गुरुवार को भी ब्रेंट क्रूड की कीमतों में कमजोरी देखी गई। शुरुआती कारोबार में ब्रेंट क्रूड लगभग 93.90 डॉलर प्रति बैरल पर कारोबार कर रहा था।


इस गिरावट के पीछे अमेरिका के मिडटर्म चुनाव नतीजों और ईरान युद्ध को लेकर बदलती परिस्थितियों को अहम वजह माना जा रहा है।


आज आपके शहर में पेट्रोल-डीजल के दाम

5 नवंबर 2026 को देश के प्रमुख शहरों में पेट्रोल और डीजल की कीमतें इस प्रकार हैं:









































































शहर



पेट्रोल (₹/लीटर)



डीजल (₹/लीटर)



दिल्ली



102.12



95.20



मुंबई



111.21



97.83



कोलकाता



113.51



99.82



चेन्नई



107.76



99.55



बेंगलुरु



111.68



99.56



हैदराबाद



116.15



104.23



जयपुर



113.19



98.25



लखनऊ



101.89



95.36



नोएडा



101.96



95.44



गुरुग्राम



102.97



95.64



पटना



115.06



99.36



चंडीगढ़



101.54



89.47





क्यों नहीं घटे पेट्रोल-डीजल के दाम?

अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट का असर घरेलू बाजार में तुरंत दिखाई नहीं देता। पेट्रोल और डीजल की खुदरा कीमतें कई कारकों पर निर्भर करती हैं।






  • कच्चे तेल की कीमत: भारत अपनी जरूरत का बड़ा हिस्सा आयात करता है।








  • रुपये की कीमत: डॉलर के मुकाबले रुपये की स्थिति भी ईंधन की लागत को प्रभावित करती है।








  • टैक्स: केंद्र सरकार की एक्साइज ड्यूटी और राज्य सरकारों का वैट कीमतों में अहम भूमिका निभाते हैं।








  • तेल कंपनियों की लागत: रिफाइनिंग, परिवहन और पहले हुए नुकसान की भरपाई भी कीमतों को प्रभावित कर सकती है।






यही कारण है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमत गिरने के बावजूद पेट्रोल-डीजल सस्ता होना जरूरी नहीं है।


नए रेट्स की जानकारी

हर सुबह 6 बजे जारी होते हैं नए रेट।


देश में सरकारी तेल कंपनियां रोजाना सुबह 6 बजे पेट्रोल और डीजल की कीमतें अपडेट करती हैं। ग्राहक घर बैठे भी अपने शहर के ताजा रेट जान सकते हैं।






  • इंडियन ऑयल: 9224992249 पर SMS करें।








  • BPCL: 9223112222 पर SMS करें।








  • HPCL: 9222201122 पर SMS करें।



    क्या आगे सस्ता होगा पेट्रोल-डीजल?





आगे की संभावनाएं

कच्चे तेल की कीमतों में आई गिरावट से आने वाले दिनों में घरेलू ईंधन की कीमतों में राहत की उम्मीद जरूर बढ़ी है। हालांकि, तेल कंपनियां अंतरराष्ट्रीय बाजार, रुपये की विनिमय दर और अपनी लागत को ध्यान में रखकर कीमतों पर फैसला लेती हैं।


फिलहाल 5 नवंबर को आम लोगों को पेट्रोल-डीजल के दामों में कोई राहत नहीं मिली है। अब देखना होगा कि कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट का फायदा भारतीय उपभोक्ताओं तक कब पहुंचता है।